यूपी में इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री में उछाल, दिल्ली-महाराष्ट्र को पछाड़ा
विवरण: उत्तर प्रदेश ने इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की बिक्री के मामले में दिल्ली और महाराष्ट्र को पीछे छोड़ दिया है, जिसकी घोषणा गुरुवार (29 मई 2025) को राज्य सरकार ने की। वर्तमान में उत्तर प्रदेश में 4.14 लाख से अधिक इलेक्ट्रिक वाहन पंजीकृत हैं, जो राज्य की पर्यावरण-अनुकूल नीतियों और प्रोत्साहन योजनाओं का परिणाम है।
सरकार ने ईवी चार्जिंग स्टेशनों की संख्या बढ़ाने और सब्सिडी प्रदान करने की योजना को और विस्तार देने की बात कही है। लखनऊ, नोएडा, और गाजियाबाद जैसे शहरों में ईवी की मांग में तेजी देखी गई है। सोशल मीडिया पर लोग इस उपलब्धि की सराहना कर रहे हैं और इसे "नए भारत का नया यूपी" बता रहे हैं। यह खबर उत्तर प्रदेश में हरित ऊर्जा और सतत विकास की दिशा में प्रगति को दर्शाती है।
प्रभाव: ईवी की बढ़ती बिक्री से प्रदूषण में कमी आएगी और उत्तर प्रदेश हरित अर्थव्यवस्था में अग्रणी बन सकता है। यह उद्योग और रोजगार के नए अवसर भी पैदा करेगा। हालांकि, चार्जिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर का विस्तार और ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता बढ़ाना एक चुनौती होगी।
अपडेट: शुक्रवार को सरकार ने 100 नए चार्जिंग स्टेशनों की स्थापना की घोषणा की।





