विवरण: भारत और पाकिस्तान के बीच हाल के तनाव के बाद, तुर्की के रक्षा क्षेत्र के शेयरों में गुरुवार को 10% तक की गिरावट दर्ज की गई।
यह तनाव कश्मीर में एक आतंकी हमले के बाद शुरू हुआ, जिसके जवाब में भारत ने ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया। तुर्की की रक्षा कंपनियाँ, जो क्षेत्रीय गतिशीलता से प्रभावित होती हैं, इस तनाव से नुकसान में रहीं। यह घटना वैश्विक रक्षा बाजारों और क्षेत्रीय भू-राजनीति पर प्रभाव को दर्शाती है।
प्रभाव: तुर्की के शेयर बाजार में अस्थिरता बढ़ सकती है, और यह वैश्विक निवेशकों के लिए चिंता का विषय बन सकता है। यह भारत-पाक संबंधों पर भी असर डाल सकता है।
अपडेट: तुर्की ने शुक्रवार को अपने रक्षा क्षेत्र को स्थिर करने के लिए कदम उठाए।





