दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किले के पास सोमवार शाम एक कार में हुए जोरदार विस्फोट में 13 लोगों की मौत हो गई। पुलिस ने इस मामले में UAPA (गैरकानूनी गतिविधि निवारण अधिनियम) के तहत जांच शुरू कर दी है।
10 नवंबर की शाम लाल किले के द्वार नंबर 1 के पास अचानक एक कार में विस्फोट हुआ। धमाका इतना तेज़ था कि आसपास की कई गाड़ियों और दुकानों को नुकसान पहुंचा। पुलिस ने बताया कि यह गाड़ी चोरी की थी और इसमें भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री रखी गई थी।
दिल्ली पुलिस की विशेष टीम, एनआईए और फॉरेंसिक विभाग मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। गृह मंत्रालय ने मामले को “राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा” बताते हुए इसे गंभीरता से लिया है। दिल्ली-एनसीआर में हाई अलर्ट घोषित किया गया है और सभी सीमाओं पर तलाशी बढ़ा दी गई है।
प्रधानमंत्री ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई और कहा कि “दोषियों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा।” यह घटना एक बार फिर देश की राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़ा करती है।





