सम्पूर्ण भारत संवाददाता रांची: झारखंड के सबसे बड़े अस्पताल रिम्स की अधिग्रहित जमीन को फर्जी कागजातों के आधार पर खरीद बिक्री करने वाले चार आरोपियों को एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने गिरफ्तार किया है. एंटी करप्शन ब्यूरो की तरफ से दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो रांची थाना कांड संख्या 1/2026 दिनांक- 5/1/2026, भादवि धारा भारतीय न्याय संहिता की धारा-318/336/338/340/61/49 तथा भ्र०नि० अधि०-1988 की धारा-13(2) सहपठित धारा-13 (1) (d) एवं 12 तथा संशोधित भ्र.नि.अधि.-2018 की धारा-13 (2) R/W 13 (1) (a) एवं 12 में कांड के चार अप्राथमिक अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया है.
कौन कौन हुए गिरफ्तार
राजकिशोर बड़ाईक, पिता- स्व. रामदेव बड़ाईक उर्फ सामदेव बड़ाईक, सदर, रांची. कार्तिक बड़ाईक, पिता- स्व. रामदेव बड़ाईक उर्फ सामदेव बड़ाईक, थाना सदर, जिला रांची राजेश कुमार झा. पिता राम शंकर झा, थाना-सदर, जिला- रांची चैतन कुमार, पिता- स्व. सीधू राम गंझू, थाना-तोरपा, जिला- खूंटी.
फर्जी वंशवाली बना बेची जमीन
एंटी करप्शन ब्यूरो के द्वारा जारी किए गए प्रेस रिलीज के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्तों के द्वारा गलत वंशावली बनाकर व्यक्तिगत फायदे के लिये रिम्स रांची की अधिग्रहित भूमि को धोखाधड़ी कर खरीद-बिकी की गई है. उक्त आरोपों में इनके विरूद्ध साक्ष्य पाते हुए उपरोक्त अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है, अग्रतर कार्रवाई की जा रही है.





